न्यायमूर्ति मुरलीधर बने उड़ीसा हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश

न्यायमूर्ति मुरलीधर ने न्यायमूर्ति मोहम्मद रफीक का स्थान लिया है

भुवनेश्वर| न्यायमूर्ति एस. मुरलीधर ने सोमवार को उड़ीसा उच्च न्यायालय के 32वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। उन्हें यहां राजभवन में राज्यपाल प्रोफेसर गणेशी लाल ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।

न्यायमूर्ति मुरलीधर ने न्यायमूर्ति मोहम्मद रफीक का स्थान लिया है, जिन्हें अब मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के नए मुख्य न्यायाधीश का पदभार दिया गया है।

न्यायमूर्ति मुरलीJustice Muralidhar takes oath as Orissa HC Chief Justiceधर उड़ीसा उच्च न्यायालय में मुख्य न्यायाधीश के रूप में पदभार ग्रहण करने से पहले पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय में मुख्य न्यायाधीश के रूप में सेवारत थे।

न्यायमूर्ति मुरलीधर ने अपने करियर की शुरूआत वर्ष 1984 में चेन्नई में एक वकील के रूप में की थी। तीन साल बाद, वह 1987 में दिल्ली चले गए। 2006 में वह दिल्ली उच्च न्यायालय के न्यायाधीश बने।

मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने उन्हें बधाई दी।

मुख्यमंत्री ने ट्वीट किया, “न्यायमूर्ति डॉ. एस मुरली धर को उड़ीसा उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किए जाने पर उन्हें बधाई। आपका स्वागत है।”

–आईएएनएस