पीलिया : हाईकोट का बड़ा फैसला, नहरपारा खाली करने का आदेश


बिलासपुर / रायपुर। पीलिया की वज़ह से हो चुकी आधा दर्जन मौतों के बाद हाईकोर्ट ने नगर निगम को जमकर फटकारा है। कोर्ट ने मोवा के नहरपारा में रह रहे सभी लोगों को 48 घंटे के भीतर शिफ्ट करने आदेशित किया है। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा है कि नहरपारा के पीलिया प्रभावित या परिलक्षित सभी लोगो के लिए जिला प्रशासन राहत शिविर का बंदोबस्त करे। वहां प्रभावित लोगों की स्वास्थ्य जांच और खाने पीने के तमाम इंतजाम किया जाए। दरअसल हाईकोर्ट ने ये फैसला कोर्टकमिश्नर की टीम के इंस्पेक्शन के बाद बनाई गई रिपोर्ट को देखने के बाद लिए है। हाईकोर्ट ने रायपुर और बिलासपुर में दूषित पेयजल के संबंध में 3 सदस्यीय न्यायमित्रों की टीम गठित की थी। इस टीम ने हाल ही में रायपुर के मोवा इलाके में दौरा किया था। इस दौरान ये टीम मोवा क्षेत्र में लगाये गये स्वास्थ्य शिविर में भी गई थी, जहां बताया गया था कि कुल 223 सेम्पल लिये गये जिनमें से 104 में पीलिया पाया गया। जिसके बाद ये फैसला लिया गया।

राहत हुई नदारद
कोर्ट कमिश्नर की टीम ने भी इस बात पर निगम अफसरों को फटकार लगाई थी के जिन इलाकों में पीलिया का प्रकोप फैला है वह राहत देने वाला कोई ठोस काम नहीं किया जा रहा है। निगम केवल लोगो को जागरूक करने की बात कहते हुए अपना पल्ला झाड़ रहा है। लिहाज़ा कोर्ट ने अब इनके लिए राहत शिविर लगाकर हर संभव मदद करने की बात कही है।

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