उद्योग मंत्री कवासी लखमा ने दी केरलापाल और नेतानार में नवीन धान केंद्रों की सौगात

कोकराल से पुसपाल तक पक्की सड़क निर्माण कार्य का भी किया शुभारंभ

सुकमा|उद्योग एवं वाणिज्य कर मंत्री कवासी लखमा ने आज  छतीसगढ़ के बस्तर के अति नक्सली प्रभावित इलाके सुकमा जिले में दो नव निर्मित धान केंद्रों का  शुभारंभ किया|इससे जिले के कृषकों का उत्साह और बढ़ा गया है | लखमा ने कोकराल से पुसपाल तक पक्की सड़क निर्माण कार्य का किया शुभारंभ

कवासी लखमा ने सुकमा विकास खण्ड के अन्तर्गत ग्राम केरलापाल और छिंदगढ़ ब्लॉक में ग्राम नेतानार में नवीन धान केंद्रों का शुभारंभ किया। उन्होंने केरलापल स्थित धान खरीदी केंद्र में कांटा-बांट की पूजा अर्चना कर दो महिने तक चलने वाले राज्य सरकार की किसान हितैषी महत्वपूर्ण अभियान की शुरूआत की।


उद्योग मंत्री कवासी लखमा ने धान उपार्जन केन्द्रों के लोकार्पण के अवसर पर उपस्थित ग्रामीणों से कहा कि क्षेत्र के ग्रामीणों की प्रत्येक समस्या के समाधान के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है।

केरलापाल और नेतानार क्षेत्र के ग्रामीणों द्वारा धान उपार्जन के दौरान होने वाली समस्याओं से अवगत कराते हुए यहां धान खरीदी केन्द्रों की मांग की गई थी, जिसे पूरा करते हुए खुशी हो रही है। लखमा ने इन धान खरीदी केन्द्रों की स्थापना के लिए क्षेत्रीय किसानों को बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि अगले वर्ष और स्थानों पर भी धान खरीदी केन्द्र स्थापित किए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि पहले स्थापित केन्द्रों में किसानों की अधिक संख्या के कारण अधिक भीड़ लगती थी और किसानों को कई बार अपना धान बेचने के लिए दिन-दिन भर भूखे-प्यासे अपनी बारी का इंतजार करना पड़ता था। नए धान खरीदी केन्द्रों की स्थापना से अंदरुनी क्षेत्रों के किसानों को लाभ मिलेगा।

कवासी लखमा ने कहा कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा किसानों की बेहतरी के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। इसकी शुरुआत मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में आने के पहले दिन से ही हो गई थी, जब किसानों का कर्ज माफ किया गया था। इसके साथ ही भूपेश बघेल की सरकार ने 2500 रुपए प्रति क्विंटल की दर पर धान खरीदी का अपना वादा भी पूरा किया। इसमें अड़चनें भी लगाई गईं, लेकिन किसान हित में काम करने को प्रतिबद्ध इस सरकार ने राजीव गांधी किसान न्याय योजना के माध्यम से धान का अधिक मूल्य प्रदाय किया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए सड़क, बिजली, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाएं बेहद जरुरी हैं और इस दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि तुमुकपाल तक पक्की सड़क के निर्माण के लिए तीन करोड़ रुपए स्वीकृत किया गया है वहीं कोकराल से पुसपाल तक पक्की सड़क का निर्माण भी किया जा रहा है।
कलेक्टर विनीत नंदनवार ने इस अवसर पर कहा कि शासन द्वारा ग्रामीण क्षेत्र के विकास के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। ग्रामीणों को इन योजनाओं का लाभ अवश्य लेना चाहिए।  इस अवसर पर जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती देवली बाई ने भी जनसमुदाय को  संबोधित किया।

केरलापाल में धान उपार्जन केन्द्र के खुलने से 9 गांवों के किसानों को होगी सहूलियत
केरलापाल ग्राम पंचायत अन्तर्गत 9 ग्राम आते हैं, जहां के कृषकों को विगत वर्ष तक अपना धान बेचने के लिए 20 किलोमीटर दूर सुकमा जाना पड़ता था। किन्तु अब स्थानीय तौर पर धान खरीदी केंद्र खुल जाने से उन ग्रामीणों को सहूलियत होगी। केरलापाल धान उपार्जन केन्द्र में कोयाबेकुर, गोलोबेकुर, कुड़केल, रामाराम, पोंगाभेज्जी, फूलबगड़ी, चिकपाल, सिरसट्टी तथा केरलापाल ग्राम के 689 पंजीकृत किसान अपना धान विक्रय करेंगे।
नेतानार धान उपार्जन केन्द्र में सात गांव के किसान विक्रय करेंगे अपना धान
नेतानार धान उपार्जन केन्द्र में नेतानार, तालनार, किकिरपाल, ओलेर, जंगमपाल, सीतापाल और तुमुकपाल के 476 किसान अपना धान विक्रय करेंगे। ये सभी किसान पहले कोडरीपाल धान उपार्जन केन्द्र में अपना धान विक्रय करते थे।