लगाया था जंगली सुअर के लिए फंदा पर…

पकड़े गए अचानकमार तेंदुए के शिकारी

बिलासपुर। अचानकमार में तेंदुआ शिकारी पकड़े गए। ये सभी छत्तीसगढ़ की सीमा से सटे मप्र के गोपालपुर के निवासी हैं। इन सभी को जिला न्यायालय पेश किया गया। आरोपियों को पकड़ने में खोजी कुत्ते की मदद ली गई। आरोपियों का कहना था कि वे जंगली सुअर का शिकार करने जाल लगाया था लेकिन तेंदुआ आ गया।
बताया जाता है कि लोरमी के परिक्षेत्र अधिकारी को सोमवार की शाम बैरियर गार्ड से तेंदुआ का शिकार किये जाने की जानकारी मिली थी। वन विभाग की जांच शुरू हुई तो डॉग स्क्वायड की मदद ली गई। खोजी कुत्ते शिकारियों तक पहुंचने में सफल रहे। ये सभी आरोपी छत्तीसगढ़ से सटे मध्यप्रदेश के गांव गोपालपुर और आसपास के रहने वाले हैं। पहले दो आरोपियों को पकड़ा गया फिर इसमें कुल 20 आरोपियों के और शामिल होने की जानकारी इनसे ही मिली।

                          इनमें से कुल 17 लोग गिरफ्तार कर लिये गये हैं। आरोपियों का कहना है कि उन्होंने सुअर के शिकार के लिए फंदा बिछाया था। लेकिन तेंदआ इसका शिकार हो गया। पकड़े गये आरोपियों में देवी सिंह, सुखराम, रघुबीर, मनिपाल, बलिराम, जगरनाथ, व कुलदीप ग्राम भंगाटोला के निवासी, अनिल कुमार, रिकेश, राजेश्वर, अनूप सिंह और नरेश ग्राम चकमी के निवासी सियाराम, चोखेलाल, रामखिलावन और कैलाश गोपालपुर का निवासी तथा चंदलाल ग्राम दलदल का है।
अचानकमार टाइगर रिजर्व की डिप्टी डायरेक्टर विजया रात्रे ने बताया कि डॉग स्क्वायड की मदद से अब तक लगभग 20 केस हल किये जा चुके हैं। प्रदेश के अन्य अभयारण्यों में भी शिकारियों और तस्करी करने वालों को पकडऩे के लिए ये स्क्वायड भेजे जाते हैं। पुलिस बल भी इनसे सहयोग लेता है।