जनगणना 2021 : मोबाईल एप से गिनती करने पर मिलेंगे 25 हजार

प्रदेश में 16वीं जनगणना के लिए प्रारंभिक तैयारियां शुरू

रायपुर। भारत के जनसंख्या की 16वीं जनगणना का कार्य वर्ष 2021 में किया जाना है। इसकी प्रारंभिक तैयारियां छत्तीसगढ़ में शुरू कर दी गई है। मंत्रालय महानदी भवन में मुख्य सचिव आर.पी. मण्डल ने जनगणना वर्ष 2021 के प्रभावी क्रियान्वयन और डाटा संकलन के लिए गठित अंतर्विभागीय समिति की बैठक ली। मुख्य सचिव आर.पी. मण्डल ने कहा है कि जनगणना के कार्य में पारदर्शिता और सही तरीके से जानकारी के संकलन के लिए राज्य में जनगणना 2021 का संपूर्ण कार्य मोबाईल ऐप के माध्यम से संपादित कराया जाएगा। जानकारियों का संकलन ऑनलाईन और ऑफलाईन दोनों तरीकों से किया जा सकेगा। जनगणना की तैयारियों के संबंध में जनवरी माह में संभाग आयुक्तों एवं कलेक्टरों को वीडियों काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जानकारी दी जाएगी। जनवरी माह में ही कलेक्टरों को जनगणना कार्य हेतु प्रशिक्षण दिया जाएगा। मण्डल ने भारत सरकार के रजिस्ट्रार जनरल को विशेष रूप से बस्तर क्षेत्र का दौरा करने और वहां के जरूरत के हिसाब से जनगणना कार्य के लिए कार्ययोजना बनाने आमंत्रित किया है।

बैठक में निदेशक जनगणना रजत कुमार ने जानकारी दी कि प्रगणक द्वारा स्वयं के मोबाईल का उपयोग करके मोबाईल ऐप के माध्यम से जनगणना का कार्य किया जाएगा। मोबाईल के माध्यम से जनगणना के कार्य करने वाले प्रगणकों को 25 हजार और पेपर पर कार्य करने वाले प्रगणकों को 17 हजार रूपए मानदेय के रूप में दिया जाएगा। मोबाईल ऐप से जनगणना का कार्य संपादित होने से जनगणना संबंधी आंकड़े शीघ्रता से जारी किए जा सकेंगे। राज्य के अंदरूनी एवं कमजोर नेट कनेक्टिविटी वाले क्षेत्रों में ऑफलाईन जानकारी का संकलन किया जाएगा।
रजत कुमार ने बताया कि राज्य में जनगणना 2021 के प्रथम चरण में 25 अप्रैल से 10 जून 2020 तक मकानों की गणना की जाएगी और उन्हें सूचीबद्ध किया जाएगा। जनगणना के संपूर्ण कार्य का पर्यवेक्षण वेब पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा। राजस्व विभाग और पंचायत विभाग के अधिकारियों को नोडल के रूप में नियुक्त किया जाएगा। नोडल अधिकारी तहसील और गांव के मानचित्र का निर्धारण करेंगे और गांवों की मास्टर डायरेक्टरी के रूप में जानकारियों का संकलन करेंगे। बैठक में भारत सरकार के रजिस्ट्रार जनरल विवेक जोशी ने वीडियों काॅन्फ्रेंसिंग के जरिए जनगणना कार्य के क्रियान्वयन के लिए आवश्यक जानकारी एवं दिशा निर्देश दिए। बैठक में प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास सुब्रत साहू, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री सचिवालय गौरव द्विवेदी, प्रमुख सचिव एवं महानिदेशक छत्तीसगढ़ प्रशासन आकादमी रेणु पिल्ले, सचिव राजस्व सुबोध सिंह, सचिव वित्त शहला निगार, सचिव नगरीय प्रशासन अलरमेल मंगई डी., सचिव आर्थिक एवं सांख्यिकी आर.प्रसन्ना उपस्थित थे।