जनचौपाल : चारागाह पर कब्ज़ा, सीएम ने दिए जांच के निर्देश

गरीब किसान परिवार के बेटे को शिक्षा के लिए दी आर्थिक मदद

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज आयोजित जन -चौपाल, भेंट मुलाकात के कार्यक्रम में बेमेतरा जिले के बेरला तहसील के ग्राम गोड़गिरी में चारागाह की जमीन पर अतिक्रमण की शिकायत को गंभीरता से लिया है । उन्होंने जिला कलेक्टर को इस शिकायत की जांच कर अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही तुरंत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीणों के प्रतिनिधि मंडल ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उन्हें बताया कि गांव की चारागाह की जमीन पर अतिक्रमण होने की वजह से पशुओं के लिए गांव में चारागाह नहीं है, इससे ग्रामीणों को परेशानी हो रही है । गांव में दशहरा का त्योहार धूमधाम से मनाया जाता है लेकिन दशहरा मैदान में भी अतिक्रमण हुआ है । इसी तरह गौठान की जमीन भी अतिक्रमण से अछूती नहीं है । मुख्यमंत्री ने जिला कलेक्टर को इन शिकायतों की जांच करके आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी किए हैं।

जन चौपाल में जिला मुख्यालय मुंगेली के नवागढ़ रोड स्थित एक गार्डन के निर्माण में भी भ्रष्टाचार की शिकायत सामने आई । नगर वासियों ने मुख्यमंत्री को आवेदन देकर बताया कि इस गार्डन के निर्माण के लिए एक करोड़ 59 लाख रुपए की राशि मंजूर हुई थी । नगर पालिका परिषद द्वारा पूरी राशि आहरित कर ली गई लेकिन गार्डन का पूरा निर्माण कार्य नहीं कराया गया । वर्तमान में गार्डन खंडहर की स्थिति में है । मुख्यमंत्री ने इस शिकायत की जांच भी जिला कलेक्टर को करने के निर्देश जारी किए हैं।

आगे पढ़ाने की इच्छा है साहब…और हुई मुराद पूरी
बलौदा बाजार जिले के ग्राम जारा निवासी एक कृषक परिवार के बेटे को उच्च शिक्षा के लिए एक लाख रूपए की सहायता राशि मुख्यमंत्री भूपेश ने स्वेच्छानुदान से दी है। जन -चौपाल में ग्राम जारा निवासी सालिक राम धुरंधर ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उन्हें बताया कि उनका बेटा आर.यीशु धुरंधर ने वर्ष 2018-19 में कक्षा 12वीं की परीक्षा 93.6 अंकों के साथ पास की है। उन्होंने अपनी कमजोर आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री को बताया कि वे अपने बेटे को आगे की पढ़ाई कराने में असमर्थ हैं। मुख्यमंत्री ने उनकी समस्या सहानुभूति पूर्वक सुनी और धुरंधर की बेटे की पढ़ाई के लिए राशि स्वीकृत कर दी।

पैरालंपिक खिलाड़ियों की मदद
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दो पैरालंपिक खिलाड़ियों को अंतर्राष्ट्रीय स्पर्धा में शामिल होने के लिए डेढ़-डेढ़ लाख रूपए की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की है।
जनचौपाल में बिलासपुर की पैरालंपिक खिलाड़ी रोहिनी साहू और कवर्धा के हरिहर सिंह राजपूत ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उन्हें बताया कि थाइलैण्ड में अगले वर्ष 20 से 28 फरवरी तक आयोजित होने वाली पैरालंपिक अंतर्राष्ट्रीय व्हील चेयर फेंसिंग प्रतियोगिता के लिए उनका चयन हुआ है। उन्होंने स्पर्धा में रजिस्ट्रशन, वीजा, बीमा, खेल किट और आने-जाने के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने दोनो पैरालंपिक खिलाड़ियों को स्वेच्छानुदान से डेढ़-डेढ़ लाख रूपए की आर्थिक सहायता स्वीकृत की।