नक्सली संगठन ने पत्रकारों के नाम जारी किया आंदोलन रोकने प्रेस नोट

पत्रकारों को शारीरिक चोट न पहुँचाने की कही बात

बस्तर | नक्सलियों की दक्षिण सब जोनल कमेटी की तरफ से कुछ दिन पहले बीजापुर व सुकमा के पत्रकारों के विरुद्ध नामजद पर्चा जारी कर जान से मरने की धमकी दी गई थी। जिसके बाद बस्तर के साथ ही पुरे प्रदेश के पत्रकारों ने नक्सलियों के खिलाफ भारी आक्रोश जताया। माओवाद के खिलाफ पत्रकार लामबंद होते हुए आंदोलन भी किये, जो सांकेतिक थे।

इस दौरान सभी पत्रकारों ने 18 फरवरी को प्रदेश व्यापी प्रदर्शन करने का मूड बनाया जिस पर नक्सलियों की सब जोनल कमेटी ने एक अपील जारी कर आंदोलन समाप्त करने और आपसी बैठक करने कहा। लेकिन किसी प्रकार की बैठक नहीं होने के कारण दुबारा जब पत्रकार साथी नक्सलियों के खिलाफ 20,21 और 22 फरवरी को रैली निकलकर नक्सलियों से मिलने की बात कही तो दुबारा आज दण्डकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी की ओर से एक और प्रेस नोट जारी की गई। जिसमे इस तरह लिखा गया है।

भारत की कम्युस्टि पार्टी (माओवादी) दण्डकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी

प्रेस वक्तव्य

दिनांक-18 फरवरी, 2021

वस्तुगत वास्तविकता की सही जानकारी लेकर वार्ता के जरिए समस्या का हल

निकालेंगे, तब तक पत्रकार साथी आंदोलन को स्थगित करें!

हमें देर से मीडिया खबरों, वाट्स एप वीडियोज के जरिए पता चला कि हमारे दक्षिण सब जोनल ब्यूरो द्वारा जारी पर्ची व प्रेस वक्तव्य पर पत्रकार साथियों को एतराज है और वे नाराज होकर आंदोलन कर रहे हैं जिसके अंतर्गत 20, 21, 22 फरवरी को रैली के रूप में हमसे मिलकर वार्ता करने का प्रोग्राम प्रस्तावित है. हम पत्रकार मित्रों से यह अपील करते हैं कि हमारे ब्यूरो द्वारा जारी पर्चे व प्रेस बयान में जिन पत्रकारों पर जो आरोप लगाए गए हैं, उनसे संबंधित वस्तुगत वास्तविकता का दोनों पक्षों से सही जानकारी लेकर वार्ता के जरिए समस्या का हल निकालने का अवश्य प्रयास करेंगे जिसमें हमारे आपसी व हमारे और आप लोगों के बीच समन्वय स्थापित करने में मौजूद तकनीकी अड़चनों के चलते थोड़ा वक्त लग सकता है. पत्रकार साथियों द्वारा तय उपरोक्त तारीखों में यह शायद संभव नहीं हो सकता है. इसलिए पत्रकार मित्र इसे लेकर चिंतित व आंदोलित न होवें. हमारी ओर से जारी पर्चे व प्रेस बयान में जिन पत्रकारों पर आरोप लगाए गए हैं, उन्हें कोई शारीरिक चोट नहीं पहुंचाई जाएगी.

इस संदर्भ में हम एक बार और ऐलान करते हैं कि जनता की आवाज बनकर जन समस्याओं, जन आंदोलनों, जन संघर्षों, सरकारों की जन विरोधी व जन दमनकारी नीतियों की रिपोर्टिंग करने के लिए पत्रकार बंधु दंडकारण्य के संघर्ष इलाकों में कभी भी पूरी स्वेच्छा के साथ व बेरोकटोक घूम सकते हैं. पत्रकारिता की आजादी की हम वकालत करते हैं.

विकल्प

(विकल्प)

प्रवक्ता

दण्डकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी

भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी