बागबाहरा के जंगल में मिली दो तेंदुओं की लाश, पंजा कटा हुआ

रजिंदर खनूजा, पिथौरा|  महासमुन्द जिले के समीप वन परिक्षेत्र बागबाहरा के आमकोनी सर्किल के जंगल में आज सुबह दो तेंदुओं की लाश मिली है । तेंदुओं के  पंजे काट कर अज्ञात व्यक्ति ले गया जिससे उक्त घटना शिकार की होना स्पस्ट हो गया है।

बागबाहरा वन परिक्षेत्र के बोडराबांधा जंगल कक्ष क्रमांक 99 मे 2 तेंदुओं के शिकार का मामला सामने आया है।वन विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार तेंदुओं की मौत का कारण जहर सेवन बताया जा रहा है।

शनिवार की प्रातः जंगल गए कुछ ग्रामीणों ने जंगल में मृत पड़े दो तेंदुओं की सूचना वन विभाग बागबाहरा को दी।सूचना मिलते ही रेंजर अपने स्टाफ के साथ घटना स्थल पहुच गए थे।

ग्रामीण सूत्रों के अनुसार उक्त तेन्दुवों के शव सड़ रहे थे जिससे इनके तीन से चार दिन पूर्व मारे जाने की संभावना व्यक्त की जा रही है।
तेंदुए के पैर कटे मिले
मृत मिले तेंदुए के चारो पैर कटे हुए  मिले  है।जिसे देख कर पूरा मामला वन्य प्राणियों के शिकार से जुड़ा लग रहा है।घटना की गम्भीरता को देखते हुए मौके पर डॉग स्क्वायड की टीम भी बुलाई गई है।जिससे स्थानीय वन अफसरों को आरोपियों तक पहुचने में मदद मिल सके।
अफसर मीडिया से भाग रहे
बोडराबांधा में 2 तेंदुए के शिकार के मामले में आमकोनी के डिप्टी रेंजर सहित बागबाहरा के रेंजर से मोबाइल पर घटना की पूरी जानकारी लेने के प्रयास किये गए परन्तु किसी भी अधिकारी का मोबाइल चालू नहीं  मिला।सभी ने अपने मोबाइल बन्द रखे है।जिससे विभागीय कार्यवाही की जानकारी नहीं  मिल पाई है।
विभागीय गस्त पर प्रश्नचिन्ह
जंगल मे तीन चार दिनों से हिंसक एवम संरक्षित वन्य प्राणी तेंदुआ के शव वन विभाग के किसी भी अधिकारी कर्मचारी को नही दिखना इस बात का प्रमाण है कि बागबाहरा वन परिक्षेत्र में वन अफसर वनो की सुरक्षा हेतु गस्त नही करते जिसके कारण दो तेन्दुवों के शिकार के बाद भी विभाग को जानकारी तब मिलती है जब शिकार के शव सड़ रहे होते है।वन्य प्राणी बचाओ समिति ने वन्य प्राणियों के शिकार के जिम्मेदार बागबाहरा वन अधिकारियों को मानते हुए इन पर कार्यवाही की मांग की है।
 3 संदिग्धों से पूछताछ 
इधर विभागीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार तेंदुआ शिकार कांड में आरोपियों तक पहुचने के लिए वन विभाग द्वारा ग्राम के तीन ग्रामीणों को बुलाकर उनसे पूछताछ की जा रही है।परन्तु इन पंक्तियों के लिखे जाने तक मामले का खुलासा नही हो पाया था।
 वन्य प्राणी खतरे में
महासमुन्द वन मंडल के तहत वन्य प्राणियों के बेतहासा शिकार हो रहे है।जिले के लगभग सभी परिक्षेत्र में चीतल, सांभर,जंगली सुअर आदि के शिकार तो आम बात हो गयी है |

जिले क्षेत्र में भी एक हाथी की शिकारियों के करंट युक्त तार में फंस कर मौत हो चुकी है इसके बावजूद जिले के वन अफसर कोई ठोस कार्यवाही करने की बजाय मात्र दौरा ही  करते दिख रहे हैं|

देखें वीडियो अभी कुछ दिन पहले NH 53 पर एक तेंदुआ तेज रफ़्तार ट्रक की चपेट में आकर जान गंवाई थी|