सरगुजा में 24 घंटे में 2 हाथियों की मौत

एक की मौत प्रसव के दौरान तो दूसरे की बीमारी से

चंद्रकांत पारगीर, सुरजपुर। सरगुजा वनवृत के सुरजपुर वनमंडल अंतर्गत प्रतापपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत गणेशपुर क्षेत्र में 24 घंटे के अंदर 2 हाथियों की मौत से वन विभाग में हडकंप मचा हुआ है। मंगलवार के बाद बुधवार की सुबह गणेशपुर बांध से लगे चिटकाबहरा जंगल में एक और हथिनी का शव ग्रामीणों ने देखा। उन्होंने इसकी सूचना तत्काल वन विभाग प्रतापपुर को दी। प्रतापपुर वन परिक्षेत्र में लगातार हो रही हाथियों की मौत ने पूरे वन विभाग को हैरत में डाल दिया है। हाल ही में केरल में भूखी हथिनी को मार दिए जाने से पूरा देश उबल पड़ा था। ऐसे में यहां हो रही हाथियों की मौत भी गंभीर चिंता का विषय है।

जानकारी के अनुसार प्रतापपुर वन परिक्षेत्र के गणेशपुर बांध के पास मंगलवार की सुबह एक हथिनी का शव मिला था। सूचना पर वन विभाग का पूरा अमला मौके पर पहुंचा। पीएम रिपोर्ट में डॉक्टरों ने खुलासा किया कि हथिनी गर्भवती थी तथा प्रसव पीड़ा से तड़पकर उसकी मौत हुई है। हथिनी के गर्भ में पल रहे पूर्ण विकसित शावक भी नहीं बच पाया था। हथिनी प्यारे हाथी दल की सदस्य थी तथा लिवर की गंभीर बीमारी से पीडित थी।

वहीं इस घटना को बीते 24 घंटे भी नहीं हुए कि बुधवार की सुबह घटनास्थल से कुछ ही दूरी पर इसी दल की एक और हथिनी का शव मिलने से ग्रामीणों के साथ वन विभाग में सकते में आ गया। इस हथिनी की मौत किस कारण से हुई है, फिलहाल इसका पता नहीं चल सका है। ग्रामीणों की सूचना पर वन अमला मौके पर पहुंच गया है। मौके पर फोर्स भी तैनात है। पीएम व जांच के लिए रायपुर से डॉक्टरों की टीम के आने की बात कही जा रही है।

150 सिस्ट निकले

मंगलवार 8 जून की सुबह गणेशपुर जंगल में मृत मिली हथिनी गर्भवती तो थी ही, वह लिवर की गंभीर बीमारी से भी पीडित थी। पीएम के दौरान उसके लिवर से करीब 150 सिस्ट निकले थे। वहीं उसके लिवर का साइज भी काफी बढ़ चुका था। उसके गर्भ में पूर्ण विकसित शावक भी था। डॉक्टरों के अनुसार प्रसव पीड़ा से तड़पकर उसकी मौत हुई थी।

इस मौत पर भी सवाल

जिस पोजिशन में हथिनी की मौत हुई, उसी हालत में अब एक और हथिनी का शव मिलने से यह सवाल उठ रहा है कि कहीं यह भी लिवर की बीमारी से तो पीडित नहीं थी। विशेषज्ञों का कहना है कि क्षेत्र के जंगल में यदि काफी दूषित पानी है तो इस पानी को पीने से लिवर की बीमारी हो सकती है।