महासमुंद: बच्चों के लिए शिक्षिका ने अपने घर को ही प्रयोगशाला बना डाला

ऑनलाइन पढाई रुचिकर बना, घरेलू उपयोग की चीजें उपकरण बनीं

रजिन्दर खनूजा, पिथौरा| ऑनलाइन पढाई को रुचिकर बनाने महासमुंद जिले के सराईपाली की विज्ञान शिक्षिका संगीता पंडा ने अपने घर को ही प्रयोगशाला बना डाला| घरेलू उपयोग की चीजें, उपकरण बनकर बच्चों को सिखाने का काम कर रही हैं| बच्चों में भी इसके कारण खासा उत्साह रहता है | सबसे बड़ी बात एक कि यह शिक्षिका सरकारी स्कूल में पदस्थ है |

महासमुन्द जिले के सरायपाली विकासखण्ड की मा.स.गो.शास.उच्च प्राथमिक शाला सरायपाली की शिक्षिका संगीता पंडा ने लॉकडाउन में स्कूली बच्चों के लिए अपने घर को ही प्रयोगशाला में बदल दिया है।

विज्ञान एक ऐसा विषय है जो प्रयोग व गतिविधियों के माध्यम से ना पढ़ाया जाये तो अवधारणा स्पष्ट नहीं हो पाती। इस कोरोना संकट काल में बच्चे अपने घर में सुरक्षित रहकर विज्ञान के विभिन्न सिद्धांतों को रूचि पूर्वक सीखें व उनकी विषयवस्तु से संबंधित अवधारणा भी स्पष्ट हो, इसके लिए शिक्षिका संगीता पंडा विज्ञान के सिद्धांतों से संबंधित आसान प्रयोगों को ऑनलाइन कक्षा के माध्यम से करके बताती हैं तथा व्हाट्सएप ग्रुप द्वारा भी आवश्यक निर्देश देती हैं।

बच्चे अपने घर पर ही बड़ी आसानी से इन प्रयोगों के माध्यम से सीखते हैं व उससे सम्बन्धित फोटोज व वीडियो शिक्षिका के पास भेजते हैं| मजेदार बात यह है कि इन प्रयोगों को घर पर ही उपलब्ध सामग्री द्वारा बड़ी आसानी से किया जा सकता है, जैसे कि वाष्पन और संघनन की क्रिया, हल्दी एक प्राकृतिक सूचक, पदार्थों के पृथक्करण की विधियां, वायु में ऊष्मा का संवहन द्वारा स्थानांतरण, जल में ऊष्मा का संवहन, ऊष्मा का चालन, पदार्थो के भौतिक गुण, पौधों के अंग व उनके कार्य, उत्क्रमणीय और अनुउत्क्रमणीय अभिक्रियाएं, पदार्थों की जल में विलेयता आदि।

इस प्रकार ऑनलाइन माध्यम से पढ़ने के साथ- साथ बच्चे प्रयोगों के माध्यम से भी सीख रहे और वह भी घर से ही।