असम, त्रिपुरा में सेना तैनात, हवाई उड़ाने रद्द, ट्रेनें भी प्रभावित

CAB 2019 के खिलाफ़ असम में प्रदर्शन ज़ारी हालात बेक़ाबू

नई दिल्ली (आईएएनएस)| संसद के दोनों सदनों से नागरिकता संशोधन विधेयक (सीएबी) 2019 के पास होने के बाद अब गुरुवार को बिगड़ती कानून-व्यवस्था के मद्देनजर असम और त्रिपुरा में सेना की तैनाती की गई है। सेना के प्रवक्ता अमन आनंद ने इस बात की जानकारी देते हुए कहा कि दोनों राज्यों की सरकारों के अनुरोध के चलते सेना की आठ टुकड़ियां दोनों प्रदेशों में तैनात की गई हैं। सेना की पांच टुकड़ी असम में तैनात की गई है। प्रत्येक टुकड़ी में 70 सैनिक और एक-दो अधिकारी होती हैं। त्रिपुरा में असम राइफल्स की तीन टुकड़ी तैनात की गई है। सेना के सूत्रों का कहना है कि तैनात किए गए कर्मियों का कार्य जरूरत पड़ने पर जैसे भी हो स्थानीय प्रशासन की मदद करना है। गुवाहाटी नागरिक संशोधन विधेक के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शनों का केंद्र बन गया है, जिसके चलते असम सरकार को शहर में अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लगाना पड़ा है। लोकसभा में सोमवार मध्य रात्रि को विधेयक के पास होने के साथ ही दोनों राज्यों में अराजकता की स्थिति पैदा हो गई और बुधवार रात को अंतिम बाधा पार करते हुए राज्यसभा से भी विधेयक के पास होते ही कानून-व्यवस्था बिगड़नी शुरू हुई। सोशल मीडिया का इस्तेमाल दुष्प्रचार के लिए न किया जा सके, इसलिए एहतियातन असम और त्रिपुरा दोनों ही राज्यों में इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया गया है। त्रिपुरा सरकार द्वारा जारी किए गए एक आदेश के अनुसार, मोबाइल सेवाओं के सभी नेटवर्क्‍स पर एसएमएस भेजने की सुविधा पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है।

30 ट्रेनें भी हुई प्रभावित
नागरिकता संशोधन विधेयक (कैब) 2019 के विरोध में असम में व्यापक हिंसा की वजह से कई ट्रेनों व उड़ानों को गुरुवार को रद्द कर दिया गया और इसके साथ ही लंबी दूरी की ट्रेनों को गुवाहाटी तक सीमित कर दिया गया। भारतीय रेलवे के निदेशक (मीडिया) आर.डी.वाजपेयी के अनुसार, कोई भी लंबी दूरी की ट्रेन गुवाहाटी के आगे नहीं जा रही है। उन्होंने कहा, “इन सभी ट्रेनों को गुवाहाटी तक सीमित किया जा रहा है और ये गुवाहाटी से निर्धारित समय पर अपनी वापसी की यात्रा शुरू करेंगी।” उन्होंने कहा कि दिल्ली व देश के अन्य भागों से पूर्वोत्तर सीमा की ओर जाने वाली ट्रेने सामान्य रूप से चलेंगी, लेकिन गुवाहाटी से वापस आ जाएंगी। उन्होंने कहा, “कुछ ट्रेनें जो नार्थ फ्रंटियर रेलवे से नहीं लौट सकतीं, वे दिल्ली व देश के अन्य भागों से रद्द रहेंगी। इनके नामों को संबंधित रेलवे द्वारा अधिसूचित किया जाएगा। अब तक उत्तरी रेलवे ने इस तरह की तीन ट्रेनों को रद्द किया है, जिनके यात्रा शुरू होने की तिथि 15, 16,17 दिसंबर है।” पूर्वोत्त फ्रंटियर रेलव ने बुधवार को जारी एक बयान में कहा कि कम से कम 30 ट्रेनें रद्द हैं या उन्हें निर्धारित स्टेशन से पहले समाप्त कर दिया गया है।

हवाई यात्रा भी हुई रद्द
असम में कई विमानों ने अपनी उड़ानों को भी रद्द किया है। इंडिगो ने ट्विटर पर जानकारी दी कि उसने असम में मौजूदा स्थिति के कारण गुरुवार को डिब्रूगढ़ से आने व जाने वाली उड़ानों को रद्द कर दिया है। स्पाइसजेट व गोएयर ने असम में जारी अशांति की वजह से गुवाहाटी व डिब्रूगढ़ से आने व जाने वाली सभी उड़ानों पर 13 दिसंबर तक के लिए रद्द किए जाने का शुल्क माफ करने की पेशकश की है। विस्तारा ने कहा कि उसने भी गुवाहाटी व डिब्रूगढ़ को आने व जाने वाली उड़ानों को 13 दिसंबर तक के लिए रद्द कर दिया है। ऐसा उसने असम में मौजूदा अशांति के मद्देनजर सरकार की सलाह के अनुसार किया है।