International Yoga Day: योग सीमाओं से परे-मोदी

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर मोदी ने किए 13 आसन

 

रांची। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि योग का मकसद शांति, समृद्धि और सद्भाव को बढ़ावा देना है। “योग हमेशा शांति और सद्भाव के साथ जुड़ा हुआ है। मैं लोगों को योग को अपनाने के लिए धन्यवाद देता हूं। मैं लोगों से इसे अपनाने का आग्रह करता हूं,” ये बातें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 30,000 से अधिक लोगों को संबोधित करते हुए कही। पीएम मोदी के साथ ये सभी लोग योग के उत्सव के पांचवें अंतर्राष्ट्रीय दिवस में भाग लेने के लिए रांची के प्रभात तारा मैदान में एकत्र हुए थे। उन्होंने कहा कि आप सभी को पूरे देश और दुनिया को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की बहुत-बहुत शुभकामनाएं।अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस

अब मुझे आधुनिक योग की यात्रा शहरों से गांवों की तरफ ले जानी है, गरीब और आदिवासी के घर तक ले जानी है। मुझे योग को गरीब और आदिवासी के जीवन का भी अभिन्न हिस्सा बनाना है। क्योंकि ये गरीब ही है जो बीमारी की वजह से सबसे ज्यादा कष्ट पाता है। मोदी ने वैश्विक दर्शकों तक पहुंचने के लिए कुछ मिनटों के लिए अंग्रेजी बोली। योग अनुशासन है, समर्पण हैं, और इसका पालन पूरे जीवन भर करना होता है। योग आयु, रंग, जाति, संप्रदाय, मत, पंथ, अमीरी-गरीबी, प्रांत, सरहद के भेद से परे है।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस           योग सबका है और सब योग के हैं। योग जाति, धर्म, क्षेत्र और सीमाओं से परे है, प्रधान मंत्री ने कहा कि “योग में शराब और मधुमेह का समाधान है”। उन्होंने योग में शोध की आवश्यकता पर बल दिया ताकि दुनिया को इसके लाभों के बारे में अपडेट किया जा सके। उन्होंने देश में युवाओं में दिल से जुड़ी समस्याओं के बारे में भी चिंता व्यक्त की। मोदी ने कहा “इस वर्ष, योग का विषय हार्ट केयर है। देश में, विशेषकर युवा पीढ़ी के बीच दिल से जुड़ी समस्याओं में कई गुना वृद्धि हुई है। योग को निवारक उपाय के रूप में अपनाया जाना चाहिए ”।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस
स्कूली पाठ्यक्रम का बनाएं हिस्सा
विश्व योग दिवस पर उपराष्ट्रपति का कहना है कि योग को स्कूली पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाएं। उन्होंने भी योग दिवस पर अपनी शुभकामनाएं प्रेषित कर योग करने के लिए प्रेरित किया। विश्व योग दिवस हर साल 21 जून को मनाया जाता है। क्योंकि युनाइटेट नेशन ने पीएम मोदी के आग्रह पर 21 जून 2015 को इसकी स्थापना की घोषणा की थी।