फ्रांस में बोले मोदी-भ्रष्टाचार और आतंकवाद लगाम कसी जो अब तक नहीं थी

फ्रांस में मोदी को देख भारतीय गदगद मोदी मोदी के नारों से गूंजा हाल

नई दिल्ली। फ्रांस दौरे पर पहुंचे पीएम नरेंद्र मोदी ने भारत के मूलनिवासियों को संबोधित किया। इस सम्बोधन के लिए पीएम जैसे ही मंच पर पहुंचे वैसे ही मोदी मोदी के नारे गूंजने लगे। जिसके बाद खुद पीएम मोदी ने उनसे शांत रहकर कार्यक्रम की विधिवत शुरुवात करने की गुजारिश की। पीएम मोदी ने अपने सम्बोधन की शुरुवात में कहा भारत और फ़्रांस के बीच संबंध सैकड़ों साल पुराना है। हमारी दोस्ती किसी स्वार्थ पर नहीं, बल्कि ‘लिबर्टी, इक्वलिटी और फ्रेटरनिटी’ के ठोस आदर्शों पर टिकी है। भारत और फ्रांस की मित्रता अटूट है। ये मित्रता से कहीं आगे है। ये वर्षों पुरानी है। ऐसा कोई वैश्विक मंच नहीं होगा जहां भारत और फ्रांस ने एक दूसरे का समर्थन न किया हो और साथ काम न किया हो।

उन्होंने फुटबॉल का उदाहरण देते हुए कहा कि जब भारत या फ्रांस को कोई उपलब्धि प्राप्त होती है तो हम एक दूसरे के लिए खुश होते हैं। भारत में फ्रांस की फुटबॉल टीम के समर्थकों की संख्या शायद जितनी फ्रांस में नही होगी, उससे ज्यादा भारत में होगी। मैं फ्रांस की सरकार, राष्ट्रपति मैक्रों, और फ्रांस की जनता का मुझे आमंत्रित करने और आप सभी से मिलने का अवसर देने के लिए आभार व्यक्त करता हूं।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और फ्रांस ने मिलकर International Solar Alliance की पहल की और आज करीब दुनिया के 75 देश इसमें जुड़ चुके हैं।
आजकल हम 21वीं सदी के INFRA की बात करते हैं। मेरा INFRA का मतलब है- IN यानि INDIA और FRA यानि FRANCE। IN + FRA यानि INDIA और FRANCE का Alliance.

बताई अपनी योजना माँगा साथ
मोदी ने मंच से अपनी दूसरी पारी के लक्ष्यों पर चर्चा करते हुए कहा हमने पिछले 5 वर्षों में कुछ ऐसे Goal रखे, जो पहले नामुमकिन माने जाते थे।
लेकिन Team Spirit की भावना से हमने उन लक्ष्यों को प्राप्त करके दिखाया है। पूरी दुनिया में एक तय समय में सबसे ज्यादा बैंक अकाउंट अगर किसी देश में खुले हैं, तो वो भारत है। पूरी दुनिया की अगर आज सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा की स्कीम किसी देश में चल रही है, तो उस देश का नाम भारत है।

आतंकवाद पर साधा निशाना
पीएम मोदी ने फ्रांस के मंच से आतंकवाद पर भी निशाना सादा है। उन्होंने कहा आज नए भारत में भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद, परिवारवाद, जनता के पैसे की लूट, आतंकवाद पर जिस तरह लगाम कसी जा रही है वैसा पहले कभी नहीं हुआ। नए भारत में थकने, रुकने का सवाल ही पैदा नहीं होता। उन्होंने कहा कि आज अगर भारत और फ्रांस दुनिया के बड़े खतरों से लड़ने में नजदीकी सहयोग कर रहे हैं तो उसका कारण भी यह साझा मूल्य ही है। चाहे वह आंतकवाद हो या फिर क्लाइमेट चेंज। फ्रांस में रहने वाले भारतवासियों का भारत से रिश्ता मिट्टी का है, तो फ्रांस से आपका मेहनत का नाता है। आपकी सफलताएं फ्रांस के लिए गौरव का विषय हैं, साथ ही ये भारत को भी गौरवांवित करती हैं।