आईटीबीपी के मारे गए जवानों को दी गई अंतिम बिदाई

एयरपोर्ट पर आईटीबीपी और राज्य पुलिस ने दी सलामी

रायपुर | छत्तीसगढ़ के धुर नक्सल प्रभावित क्षेत्र कड़ेनार स्थित आइटीबीपी कैंप में तैनात जवानों के बीच हुई विवाद को लेकर फायरिंग में 6 जवानों की मौत बुधवार को हो गई थी मारे गए सभी 6 जवानों को कड़ेनार से रायपुर लाया गया था। जहां इन सभी जवानों का पोस्टमार्टम कल रात में ही कर लिया गया। आज इन सभी जवानों के पार्थिव शरीर को उनके गृह ग्राम भेजा गया है। गृह ग्राम भेजने के पहले मृत सभी 6 जवानों को आइटीबीपी और राज्य पुलिस बल ने सलामी दी। यह सलामी स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पर ही दी गई है।

आइटीबीपी में हुए घटना के बाद दिल्ली से आइटीबीपी के एडीजी अरविंद कुमार और आईटीबीपी के आईजी एके गौतम रायपुर पहुंचे थे। गुरुवार को सुबह 7 बजे आईटीबीपी के 6 जवानों को एडीजी अरविंद कुमार और आईजी एके गौतम समेत राज्य पुलिस के अधिकारियों ने अंतिम सलामी दी। सलामी के बाद पार्थिव शरीर में पुष्प चक्र अर्पित किया गया। इस मौके पर मौजूद सभी अधिकारियों की आंखें नम हो गई थी। इसके बाद सभी छह जवानों को उनके गृह ग्राम विमान से भेजा गया। जिसमें 3 शव कोलकाता दो दिल्ली और एक कोच्चि के लिए रवाना किया गया।

मृतक हेड कांस्टेबल महेंद्र सिंह हिमाचल प्रदेश के रहने वाले है उनके पार्थिव शरीर को 6E 2486 विमान से दिल्ली भेजा गया। इनके पार्थिव देह के साथ एसआई नरेश को भेजा गया। मृतक कॉन्स्टेबल दलजीत सिंह 6E2486 विमान से दिल्ली भेजा गया। दलजीत पंजाब के रहने वाले थे,इनके पार्टिव शरीर के साथ एसआई देशराज को भेजा गया। मृतक कॉन्स्टेबल सुजीत सरकार के देह को पश्चिमबंगाल के लिए रायपूर से कोलकाता 6E 811 विमान से रवाना किया गया। एएसआई सतपाल सुजीत के पार्थिव शरीर को लेकर रवाना हुए है। मृतक कॉन्स्टेबल रहमान को 6E 822 एयरक्राफ्ट से कोलकाता रवाना किया गया। एसआई राजीव दत्ता इनके देह को गृह ग्राम पहुचाएंगे। मृतक कॉन्स्टेबल विश्वरूप महतो के देह को विमान संख्या 6E811 से कोलकाता रवाना किया गया। इनके देह को ले जाने की जिम्मेदारी एएसआई संतोष कुमार को दी गई है। मृतक कॉन्स्टेबल बृजेश के मृत देह को 6E 613 विमान से कोचीन ले जाया गया। इनके देह को एएसआई शिव कुमार लेकर गृह ग्राम पहुंचेंगे।

इधर इस घटना में घायल हुए 2 जवानों को रायपुर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज अभी भी जारी है। हालांकि डॉक्टर उन्हें पहले से बेहतर बता रहे हैं। आईटीबीपी के डीजी और आईजी ने घायल जवानों से भी अस्पताल में मुलाकात की है। साथ ही इन जवानों से पूछताछ भी इन अफसरों ने किया है। हालांकि अभी तक पूरे विवाद का पर्दाफाश नहीं हो पाया है। इसलिए किसी भी अधिकारी ने मीडिया से ख़ास चर्चा नहीं की और मामले की जांच के बाद घटना की जानकारी दिए जाने की बात कही है।