आपरेशन थंडर: 41 दलालों से 90 लाख के रेल टिकट बरामद

देशभर में टिकट दलालों के खिलाफ चलाया गया अभियान

रायपुर। भारतीय रेलवे द्वारा रेल यात्रियों को रिजर्व बर्थ के साथ आरामदायक यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराने में रेलवे ने कोई कोर कसर नहीं छोड़ी है। कंप्यूटर एवं मोबाइल के माध्यम से टिकट बूक करने हेतु ई-टिकट की सुविधा भी इन्ही में से एक है । जिसमे दलालों की वज़ह से आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पद रहा है। इस परेशानी से निजात दिलाने आरपीएफ ने ऑपरेशन थंडर चलाया है। ई-टिकटों की नियम विरुद्ध बूकिंग तथा कालाबाजारी की शिकायतों पर पुरे देश में टिकट दलालों के खिलाफ एक साथ ये ऑपरेशन चलाया गया।

          गर्मी की छुट्टी के दिनों में यात्री गाड़ियों में यात्रियों की भीड़-भाड़ बढ़ जाती है जिसका फायदा उठाकर टिकट दलाल अपने व्यक्तिगत आई.डी. का उपयोग करते हुए आई.आर.सी.टी.सी. के पोर्टल पर टिकट बनाकर कुछ पैसे का लाभ लेकर तत्काल प्रिमियम एवं अन्य रिर्जवेशन टिकट बेचते है। जो कि धारा 143 रेलवे अधिनियम के तहत् अपराध है । इस अभियान के तहत् दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में आर.एस. चौहान, महानिरीक्षक-सह-प्रधान मुख्य सुरक्षा आयुक्त के निर्देशन में ताबडतोड छापामारी की गई। मंडल सुरक्षा आयुक्तों के सुपरविजन में ब्रजराजनगर, रायगढ़, चांपा, कोरबा, बिलासपुर, अंबिकापुर, चिरीमिरी, शहडोल, अनूपपुर, मनेन्द्रगढ़ पेड्रारोड, रायपुर, दुर्ग, भिलाई, नागपुर, ईतवारी, गोंदिया, नैनपुर, इत्यादि शहरों में टिकट दलालों के ऊपर गोपनीय नजर रखते हुए एक साथ छापामारी की कार्यवाही की गई ।

43 टीमों ने मारा छापा
इस महाभियान में रेलवे सुरक्षा बल की 43 अलग-अलग टीमों ने 22 जगहो पर एक साथ छापेमारी की कार्रवाई को अंजाम दिया गया। जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य के अंतर्गत 14 जगह, मध्य प्रदेश राज्य के अंतर्गत 05 जगह और महाराष्ट्र राज्य के अंतर्गत 03 जगहों पर कार्यवाही की गई है। इस पूरे अभियान में 41 ई-टिकट दलालों की गिरफ्तारी कर लगभग 90 लाख रुपए मूल्य की 5435 टिकटों की जब्ती की गई । साथ ही इस कार्रवाई में लगभग 10 लाख रुपए मूल्य के कंप्यूटर, मोबाइल, लैपटाप व अन्य सामानों की जब्ती की गई ।