रमन सिंह बोले-करेंगे राहुल गाँधी के स्कील अपग्रेडेशन की सिफ़ारिश

रमन सिंह ने ली राहुल गाँधी के BHEL वाले बयान पर चुटकी

रायपुर। रमन सिंह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के स्कील अपग्रेडेशन की सिफारिश करेंगे। ये सिफारिश मुख्यमंत्री राहुल गांधी के जनरल नॉलेज बढ़वाने के लिहाज़ से करेंगे। दरअसल मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने राहुल गाँधी के स्काई योजना के खिलाफ दिए गए बयानों पर कटाक्ष करते हुए कहा है। राहुल गांधी अपने रायपुर दौरे के दौरान सरकार की स्काई योजना पर निशाना साध रहे थे तभी उनकी ज़बान लड़खड़ाई और वो BSNL की जगह BHEL बोल बैठे। तब से राहुल का ये वीडियों काफी ट्रोल हो रहा है। अब राहुल के इसी बयान पर मुख्यमंत्री ने उनकी खिचाई कर दी।

Rahul BHEL
मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह मुस्कुराते हुए कहा कि ” हम BHEL से भी यह पता कर रहे हैं कि क्या वह भी मोबाइल निर्माण के क्षेत्र में आ रहे हैं ? क्योंकि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सलाह दी है। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों का भी प्रशिक्षण होना चाहिए। यह सोचने वाली बात है कि एक राष्ट्रीय नेता का जनरल नाॅलेज इतना कम है। उनके लिए मैं केंद्रीय कौशल एवं उद्यमिता मंत्री से कहूंगा कि राहुल का भी स्कील अपग्रेडेशन करें।

संचार विभाग ने भी जारी की BHEL लिखी हुई रिलीज़
चलिए मान भी ले की राहुल गाँधी से मानवीय भूल हुई। भाषण देते देते वो ज़्यादा जोश में BSNL को BHEL कह गए। याफिर उनकी ज़बान फिसल गई। मगर चुनावी साल में सरकार पर आरोपों की झड़ी लगाने वाला कांग्रेस का संचार विभाग भी बड़ा ही ज़िम्मेदार निकला। हर मसले में सरकार पर सियासी तीर चलाने वाला संचार विभाग ने राहुल की गलती सुधारने की बजाए उसे वैसे ही मीडिया को परोस दिया। ये गलती प्रदेश और एआईसीसी संचार विभाग की थी या फिर अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष की कही बात को काटने का माद्दा उनमे नहीं था। इस सवाल पर कांग्रेस का संचार विभाग बगले झांकता नज़र आ रहा है।

सुनिए ऐसे फिसली थी राहुल गाँधी की ज़बान….(वायरल वीडियों)

रमन के बयान पर कांग्रेस का पलटवार
इधर मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने चुटकी ली ही थी की कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने तत्काल एक बयान जारी कर दिया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल ने कहा है कि प्रशिक्षण की आवश्यकता राहुल को नहीं मोदी को है। अगर प्रशिक्षण के लिए केंद्रीय मंत्री को कहना ही है तो रमन सिंह जी सबसे पहले प्रधानमंत्री मोदी के प्रशिक्षण के लिए कहें जो कि तक्षशिला को नालंदा की ही तरह बिहार में बताने की गंभीर भूल करते हैं, आजादी की लड़ाई और आजादी के बाद सुरक्षा सेना के प्रमुखों को लेकर असत्य कथन तो करते ही हैं। भाजपा के पूर्ववर्ती जनसंघ के संस्थापक श्यामा प्रसाद मुखर्जी की मौत को लेकर भी गलतबयानी करते हैं और सही जानकारी नहीं रखते है।