निर्विरोध अध्यक्ष बने डॉ महंत, ये दिग्गज नेता रहे है विधानसभा में अध्यक्ष

निर्वाचन के बाद डॉ चरणदास महंत ने सम्हाली आसंदी की ज़िम्मेदारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण के बाद छत्तीसगढ़ में पंचम विधानसभा के लिए डॉ चरणदास महंत को निर्विरोध विधानसभा अध्यक्ष चुना गया है। डॉ चरणदास महंत सक्ति विधानसभा से विधायक निर्वाचित हुए हैं।

उन्होंने तकरीबन 20 साल बाद विधानसभा चुनाव लड़ा था। जिसके बाद भारी मतों मतों से विजयी होकर महंत ने सक्ति की विधानसभा सीट पर जीत का परचम लहराया। इसके साथ ही वे सदन के सर्वोच्च पद विधानसभा अध्यक्ष निर्वाचित हुए।

 

पांचवे अध्यक्ष है डॉ महंत
राज्य निर्माण के बाद से चार दफे विधानसभा निर्वाचन हुआ है। जिसमे लगातार तीन बार भाजपा ने सत्ता चलाई और 15 सालों के संघर्ष के बाद अब कांग्रेस सत्तापक्ष की और काबिज़ हुई है। विधानसभा में अध्यक्षों के कार्यकाल की अगर बात की जाए सबसे पहले विधानसभा अध्यक्ष स्व.श्री राजेंद्र प्रसाद शुक्ल थे। जिन्होंने 14 दिसंबर 2000 से 19 दिसंबर 2003 तक अपना अध्यक्षीय कार्यकाल सम्हाला। जिसके बाद उन्होंने चार दिनों तक प्रोटेम स्पीकर की भी जिम्मेदारी सम्हाली।

इसके बाद प्रेमप्रकाश पाण्डेय दूसरे अध्यक्ष के रूप में निर्वाचित हुए। जो 22 दिसंबर 2003 से 05 जनवरी 2009 तक अध्यक्ष रहे। तीसरे नंबर में वर्तमान में नेटप्रतिक्ष की जिम्मेदारी सम्हालने जा रहे धरमलाल कौशिक ने अध्यक्षीय कमान सम्हाली थी। कौशिक ने 05 जनवरी 2009 से 06 जनवरी 2014 तक आसंदी की जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। बीते कार्यकाल में कसडोल से चुन कर आए गौरीशंकर अग्रवाल ने चतुर्थ विधानसभा में अध्यक्षीय कार्यकाल की जिम्मेदारी निभाई। 06 जनवरी 2014 से लेकर 03 जनवरी 2019 तक उन्होंने अपना कार्यकाल पूरा किया।