महिला विश्व मुक्केबाजी के सेमीफाइनल में मैरी कॉम, बनाया ये ख़ास रिकार्ड…

विश्व स्तर की बॉक्सिंग प्रतियोगिया में 8 मेडल वाली एक मात्र खिलाड़ी

नई दिल्ली। भारत की मुक्केबाज़ मैरी कॉम ने गुरुवार को महीला विश्व मुक्केबाजी प्रतियोगिता में सेमीफाइनल में अपनी जगह तय कर ली है। इसके साथ ही महिला विश्व मुक्केबाजी चैंपियनशिप के 51 किलोग्राम वर्ग में मैरी कॉम ने अपना कांस्य पदक भी फाइनल कर लिया है। हालंकि उनकी कोशिश भारत को सोना दिलाने की होगी। इस विश्व स्तर के मुक़ाबले में तीसरी वरीयता प्राप्त मैरी ने कोलंबिया की रियो ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता इंग्रिट वालेंसिया को 5-0 से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया।

मैरी कॉम विश्व चैंपियनशिप के इतिहास में पहली मुक्केबाज बनीं जिन्होंने 8 विश्व पदक जीते। वह पिछले साल नई दिल्ली में 48 किग्रा वर्ग में स्वर्ण जीतने के बाद क्यूबा के पुरुषों के दिग्गज फेलिक्स सैवन से भी आगे बढ़ चुकी है। यह 51 किलोग्राम वर्ग में मैरीकॉम का पहला विश्व चैंपियनशिप पदक भी होगा। क्योंकि भारतीय ओलंपिक पदक विजेता टोक्यो ओलंपिक खेलों की बर्थ को नए भार वर्ग में जीत दर्ज़ करना चाहती है। मैरी के पास अब तक विश्व चैंपियनशिप में 6 स्वर्ण पदक और एक रजत है।

शनिवार को है अगला मैच
इस जीत के साथ ही मैरी कॉम ने कहा कि इस जीत के साथ मै कम से कम महिला विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक तो दिला ही सकती हूँ। अब मैरी कॉम का अगला मुकाबला शनिवार को तुर्की की दूसरी वरीयता प्राप्त बुसेनाज काकीरोग्लू से होगा। मैरी ने वेलेंसिया पर दबाव डालने के लिए अपने सभी अनुभव का इस्तेमाल किया और जीत दर्ज़ की। 29-28, 30-27, 29-28, 30-27, 29-28 के स्कोर के बाद मैरी को अंकों के आधार पर विजेता घोषित किया गया।